ईश्वर चित्ते (खानदेशी अमिताभ बच्चन) यांची भूमिका आणि कैलाश खेर यांनी गायलेले शीर्षक गीत प्रेक्षकांकडून खूप पसंत केले जात आहे. लोक ईश्वर चित्ते यांच्या अभिनयाचे कौतुक करत आहेत आणि त्यांना सतत शुभेच्छा मिळत आहेत. तीर्थानंद राव (नाना पाटेकर ज्युनिअर) यांनी चित्रपटात ‘जोशी काका’ ही भूमिका साकारली होती, ज्याचे प्रेक्षकांनी खूप कौतुक केले. त्यांच्या बदललेल्या रूपामुळे आणि पंडितजींच्या भूमिकेमुळे अनेकांनी त्यांना ओळखले नाही. नंतर, जेव्हा लोकांनी त्यांना ओळखले, तेव्हा प्रेक्षकांनी त्यांच्या अभिनयाचे कौतुक केले. चित्रपटाचे दिग्दर्शक, अशोक आर. कोंडके यांनी मराठी प्रेक्षकांचे आभार मानले आणि म्हटले की त्यांचे प्रेम, पाठिंबा आणि आशीर्वाद हेच त्यांचे सर्वात मोठे यश आहे. चित्रपटाची संपूर्ण टीम म्हणते, “मराठी प्रेक्षकांनो, हे यश तुम्हा सर्वांचे आहे. मराठी चित्रपटाला असेच प्रेम आणि पाठिंबा देत राहा.” वामा लढाई सन्मानाची या चित्रपटाला महाराष्ट्रातील प्रेक्षकांकडून प्रचंड प्रतिसाद मिळत आहे आणि तो ॲमेझॉन प्राईमवर खूप लोकप्रिय ठरत आहे. या चित्रपटाची निर्मिती सुब्रमण्यम के. यांनी केली...
श्री साई सेवा संस्था की संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. स्वाती सिंह (कालंत्री) को मुंबई में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित MOM DAD GOD OF UNIVERSE 2026 AWARD – SEASON 3 के लिए नामांकित किया गया है। यह विशेष सम्मान उन व्यक्तित्वों को समर्पित है जिन्होंने अपने कार्यों, संघर्षों और समाज सेवा के माध्यम से मानवता के लिए असाधारण योगदान दिया है। डॉ. स्वाती सिंह एक ऐसी प्रेरणादायक व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने अपने जीवन को समाज के कमजोर, वंचित और जरूरतमंद वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया है। वे केवल एक समाजसेवी नहीं, बल्कि एक संवेदनशील विचारक, दूरदर्शी नेतृत्वकर्ता और हजारों लोगों के जीवन में आशा की किरण बनकर उभरी हैं। वर्ष 2014 में महाराष्ट्र के भिवंडी में स्थापित श्री साई सेवा संस्था उनकी सेवा भावना और सामाजिक प्रतिबद्धता का परिणाम है। एक महिला के दृढ़ संकल्प से शुरू हुई यह संस्था आज एक विशाल सामाजिक अभियान का रूप ले चुकी है, जो महिलाओं के सशक्तिकरण, बाल कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रही है। डॉ. स्वाती सिंह का मानना है कि समाज सेवा केवल सहायता प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने का माध्यम बननी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने समाज के उन वर्गों तक पहुंच बनाई, जिन्हें अक्सर मुख्यधारा से दूर कर दिया जाता है। हनुमान टेकड़ी, भिवंडी के रेड लाइट क्षेत्र में उनका कार्य विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है। वर्ष 2016 से उन्होंने वहां की महिलाओं और बच्चों के जीवन में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सम्मानजनक जीवन के अवसर प्रदान करने का कार्य निरंतर किया है। उन्होंने न केवल उनकी समस्याओं को समझा बल्कि उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए वास्तविक प्रयास किए। महिलाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम, बच्चों के लिए शिक्षा अभियान, स्वास्थ्य सेवाएं, परामर्श केंद्र, पुनर्वास कार्यक्रम और आत्मनिर्भरता योजनाएं उनके नेतृत्व में समाज परिवर्तन का माध्यम बनी हैं। डॉ. स्वाती सिंह की संवेदनशीलता का एक अत्यंत भावनात्मक उदाहरण तब सामने आया जब एक छोटे बच्चे ने उन्हें प्यार से “आई” कहकर पुकारा और उन्होंने बिना किसी संकोच के उसके पालन-पोषण और शिक्षा की पूरी जिम्मेदारी स्वीकार कर ली। यह घटना उनके व्यक्तित्व की मानवीय गहराई और मातृत्व भाव को दर्शाती है। अपने उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों के लिए उन्हें अनेक सम्मान और सरकारी जिम्मेदारियां भी प्राप्त हुई हैं। परंतु उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार लोगों के चेहरों पर लौटती मुस्कान और जीवन में जगती नई उम्मीद है। कोई भी व्यक्ति या संस्था श्री साई...
श्री साई सेवा संस्था की संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. स्वाती सिंह (कालंत्री) को मुंबई में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित MOM DAD GOD OF UNIVERSE 2026 AWARD – SEASON 3 के लिए नामांकित किया गया है। यह विशेष सम्मान उन व्यक्तित्वों को समर्पित है जिन्होंने अपने कार्यों, संघर्षों और समाज सेवा के माध्यम से मानवता के लिए असाधारण योगदान दिया है। डॉ. स्वाती सिंह एक ऐसी प्रेरणादायक व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने अपने जीवन को समाज के कमजोर, वंचित और जरूरतमंद वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया है। वे केवल एक समाजसेवी नहीं, बल्कि एक संवेदनशील विचारक, दूरदर्शी नेतृत्वकर्ता और हजारों लोगों के जीवन में आशा की किरण बनकर उभरी हैं। वर्ष 2014 में महाराष्ट्र के भिवंडी में स्थापित श्री साई सेवा संस्था उनकी सेवा भावना और सामाजिक प्रतिबद्धता का परिणाम है। एक महिला के दृढ़ संकल्प से शुरू हुई यह संस्था आज एक विशाल सामाजिक अभियान का रूप ले चुकी है, जो महिलाओं के सशक्तिकरण, बाल कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रही है। डॉ. स्वाती सिंह का मानना है कि समाज सेवा केवल सहायता प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने का माध्यम बननी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने समाज के उन वर्गों तक पहुंच बनाई, जिन्हें अक्सर मुख्यधारा से दूर कर दिया जाता है। हनुमान टेकड़ी, भिवंडी के रेड लाइट क्षेत्र में उनका कार्य विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है। वर्ष 2016 से उन्होंने वहां की महिलाओं और बच्चों के जीवन में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सम्मानजनक जीवन के अवसर प्रदान करने का कार्य निरंतर किया है। उन्होंने न केवल उनकी समस्याओं को समझा बल्कि उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए वास्तविक प्रयास किए। महिलाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम, बच्चों के लिए शिक्षा अभियान, स्वास्थ्य सेवाएं, परामर्श केंद्र, पुनर्वास कार्यक्रम और आत्मनिर्भरता योजनाएं उनके नेतृत्व में समाज परिवर्तन का माध्यम बनी हैं। डॉ. स्वाती सिंह की संवेदनशीलता का एक अत्यंत भावनात्मक उदाहरण तब सामने आया जब एक छोटे बच्चे ने उन्हें प्यार से “आई” कहकर पुकारा और उन्होंने बिना किसी संकोच के उसके पालन-पोषण और शिक्षा की पूरी जिम्मेदारी स्वीकार कर ली। यह घटना उनके व्यक्तित्व की मानवीय गहराई और मातृत्व भाव को दर्शाती है। अपने उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों के लिए उन्हें अनेक सम्मान और सरकारी जिम्मेदारियां भी प्राप्त हुई हैं। परंतु उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार लोगों के चेहरों पर लौटती मुस्कान और जीवन में जगती नई उम्मीद है। कोई भी व्यक्ति या संस्था श्री साई...
श्री साई सेवा संस्था की संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. स्वाती सिंह (कालंत्री) को मुंबई में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित MOM DAD GOD OF UNIVERSE 2026 AWARD – SEASON 3 के लिए नामांकित किया गया है। यह विशेष सम्मान उन व्यक्तित्वों को समर्पित है जिन्होंने अपने कार्यों, संघर्षों और समाज सेवा के माध्यम से मानवता के लिए असाधारण योगदान दिया है। डॉ. स्वाती सिंह एक ऐसी प्रेरणादायक व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने अपने जीवन को समाज के कमजोर, वंचित और जरूरतमंद वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया है। वे केवल एक समाजसेवी नहीं, बल्कि एक संवेदनशील विचारक, दूरदर्शी नेतृत्वकर्ता और हजारों लोगों के जीवन में आशा की किरण बनकर उभरी हैं। वर्ष 2014 में महाराष्ट्र के भिवंडी में स्थापित श्री साई सेवा संस्था उनकी सेवा भावना और सामाजिक प्रतिबद्धता का परिणाम है। एक महिला के दृढ़ संकल्प से शुरू हुई यह संस्था आज एक विशाल सामाजिक अभियान का रूप ले चुकी है, जो महिलाओं के सशक्तिकरण, बाल कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रही है। डॉ. स्वाती सिंह का मानना है कि समाज सेवा केवल सहायता प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने का माध्यम बननी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने समाज के उन वर्गों तक पहुंच बनाई, जिन्हें अक्सर मुख्यधारा से दूर कर दिया जाता है। हनुमान टेकड़ी, भिवंडी के रेड लाइट क्षेत्र में उनका कार्य विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है। वर्ष 2016 से उन्होंने वहां की महिलाओं और बच्चों के जीवन में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सम्मानजनक जीवन के अवसर प्रदान करने का कार्य निरंतर किया है। उन्होंने न केवल उनकी समस्याओं को समझा बल्कि उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए वास्तविक प्रयास किए। महिलाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम, बच्चों के लिए शिक्षा अभियान, स्वास्थ्य सेवाएं, परामर्श केंद्र, पुनर्वास कार्यक्रम और आत्मनिर्भरता योजनाएं उनके नेतृत्व में समाज परिवर्तन का माध्यम बनी हैं। डॉ. स्वाती सिंह की संवेदनशीलता का एक अत्यंत भावनात्मक उदाहरण तब सामने आया जब एक छोटे बच्चे ने उन्हें प्यार से “आई” कहकर पुकारा और उन्होंने बिना किसी संकोच के उसके पालन-पोषण और शिक्षा की पूरी जिम्मेदारी स्वीकार कर ली। यह घटना उनके व्यक्तित्व की मानवीय गहराई और मातृत्व भाव को दर्शाती है। अपने उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों के लिए उन्हें अनेक सम्मान और सरकारी जिम्मेदारियां भी प्राप्त हुई हैं। परंतु उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार लोगों के चेहरों पर लौटती मुस्कान और जीवन में जगती नई उम्मीद है। कोई भी व्यक्ति या संस्था श्री साई...
श्री साई सेवा संस्था की संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. स्वाती सिंह (कालंत्री) को मुंबई में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित MOM DAD GOD OF UNIVERSE 2026 AWARD – SEASON 3 के लिए नामांकित किया गया है। यह विशेष सम्मान उन व्यक्तित्वों को समर्पित है जिन्होंने अपने कार्यों, संघर्षों और समाज सेवा के माध्यम से मानवता के लिए असाधारण योगदान दिया है। डॉ. स्वाती सिंह एक ऐसी प्रेरणादायक व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने अपने जीवन को समाज के कमजोर, वंचित और जरूरतमंद वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया है। वे केवल एक समाजसेवी नहीं, बल्कि एक संवेदनशील विचारक, दूरदर्शी नेतृत्वकर्ता और हजारों लोगों के जीवन में आशा की किरण बनकर उभरी हैं। वर्ष 2014 में महाराष्ट्र के भिवंडी में स्थापित श्री साई सेवा संस्था उनकी सेवा भावना और सामाजिक प्रतिबद्धता का परिणाम है। एक महिला के दृढ़ संकल्प से शुरू हुई यह संस्था आज एक विशाल सामाजिक अभियान का रूप ले चुकी है, जो महिलाओं के सशक्तिकरण, बाल कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रही है। डॉ. स्वाती सिंह का मानना है कि समाज सेवा केवल सहायता प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने का माध्यम बननी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने समाज के उन वर्गों तक पहुंच बनाई, जिन्हें अक्सर मुख्यधारा से दूर कर दिया जाता है। हनुमान टेकड़ी, भिवंडी के रेड लाइट क्षेत्र में उनका कार्य विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है। वर्ष 2016 से उन्होंने वहां की महिलाओं और बच्चों के जीवन में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सम्मानजनक जीवन के अवसर प्रदान करने का कार्य निरंतर किया है। उन्होंने न केवल उनकी समस्याओं को समझा बल्कि उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए वास्तविक प्रयास किए। महिलाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम, बच्चों के लिए शिक्षा अभियान, स्वास्थ्य सेवाएं, परामर्श केंद्र, पुनर्वास कार्यक्रम और आत्मनिर्भरता योजनाएं उनके नेतृत्व में समाज परिवर्तन का माध्यम बनी हैं। डॉ. स्वाती सिंह की संवेदनशीलता का एक अत्यंत भावनात्मक उदाहरण तब सामने आया जब एक छोटे बच्चे ने उन्हें प्यार से “आई” कहकर पुकारा और उन्होंने बिना किसी संकोच के उसके पालन-पोषण और शिक्षा की पूरी जिम्मेदारी स्वीकार कर ली। यह घटना उनके व्यक्तित्व की मानवीय गहराई और मातृत्व भाव को दर्शाती है। अपने उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों के लिए उन्हें अनेक सम्मान और सरकारी जिम्मेदारियां भी प्राप्त हुई हैं। परंतु उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार लोगों के चेहरों पर लौटती मुस्कान और जीवन में जगती नई उम्मीद है। कोई भी व्यक्ति या संस्था श्री साई...