Maharashtra State Film Awards राज्य सांस्कृतिक पुरस्कार रोहिणी हट्टंगडी यांना, गानसम्राज्ञी लता मंगेशकर पुरस्कार २०२४ अनुराधा पौडवाल यांना, प्रख्यात गायक सुदेश भोसले यांना कंठसंगीतासाठी सन्मान प्रदान Source: Dr (Hon) Anusha Srinivasan Iyer, Naarad News राज्याच्या १३ कोटी जनतेच्या वतीने देण्यात येणारे राज्य मराठी चित्रपट पुरस्कार अनमोल – सांस्कृतिक कार्य मंत्री सुधीर मुनगंटीवार चित्रपती व्ही. शांताराम जीवनगौरव पुरस्काराने शिवाजी साटम सन्मानित ५८ व ५९ वा महाराष्ट्र राज्य मराठी चित्रपट पुरस्कार सोहळा मुंबई दि. २१ : मराठी चित्रपटसृष्टीसाठी अत्यंत महत्त्वाचे आणि मानाचे समजले जाणारे राज्य शासनाचे महाराष्ट्र राज्य मराठी चित्रपट पुरस्कार हे राज्यातील १३ कोटी जनतेचे प्रतिनिधी म्हणून राज्य शासनामार्फत दिले जातात. हे पुरस्कार अनमोल असल्याचे प्रतिपादन सांस्कृतिक कार्य मंत्री सुधीर मुनगंटीवार यांनी केले. वरळीच्या डोम एसव्हीपी स्टेडियम येथे झालेल्या दिमाखदार सोहळ्यात या पुरस्कारांचे वितरण करण्यात आले. यावेळी सांस्कृतिक कार्य विभागाचे अपर मुख्य सचिव विकास खारगे, महाराष्ट्र चित्रपट, रंगभूमी व सांस्कृतिक विकास महामंडळाच्या व्यवस्थापकीय संचालक स्वाती म्हसे-पाटील, सांस्कृतिक कार्य संचालनालयाचे संचालक विभीषण चवरे यांच्यासह चित्रपट क्षेत्रातील दिग्गज मान्यवर उपस्थित होते. यावेळी गानसम्राज्ञी लता मंगेशकर पुरस्कार २०२४ प्रख्यात गायिका अनुराधा पौडवाल यांना , प्रख्यात अभिनेत्री रोहिणी हट्टगंडी यांना चित्रपटांसाठी राज्य सांस्कृतिक पुरस्कार २०२४ आणि कंठसंगीतासाठी प्रख्यात गायक सुदेश भोसले यांना प्रदान करून सन्मानित करण्यात आले. यावेळी चित्रपती व्ही. शांताराम जीवनगौरव पुरस्कार २०२३ शिवाजी साटम, चित्रपती व्ही. शांताराम विशेष योगदान पुरस्कार २०२३, दिग्पाल लांजेकर यांना प्रदान करण्यात आला. स्व.राज कपूर जीवनगौरव पुरस्कार २०२३ आशा पारेख यांना तर स्व.राज कपूर विशेष योगदान पुरस्कार २०२३ एन चंद्रा यांना प्रदान करण्यात आले. तसेच यावेळी पुढील पुरस्कारांचे वितरण करण्यात आले ५८ वे राज्य चित्रपट पुरस्कार खालीलप्रमाणे – सर्वोत्कृष्ट कथा :- शंतनू रोडे ( गोष्ट एका पैठणीची ), पटकथा :- मकरंद माने, विठ्ठल काळे (बापल्योक ), उत्कृष्ट संवाद :- शंतनू रोडे ( गोष्ट एका पैठणीची ) उत्कृष्ट गीते :- गुरु ठाकूर, (बापल्योक) उत्कृष्ट संगीत: – राहुल देशपांडे ( मी वसंतराव ) उत्कृष्ट पार्श्वसंगीत:- विजय गवंडे ( बापल्योक ), उत्कृष्ट पार्श्वगायक:- राहुल देशपांडे ( मी वसंतराव ) उत्कृष्ट पार्श्वगायिका:- प्राची रेगे ( गोदाकाठ ) उत्कृष्ट नृत्यदिग्दर्शक :- सुजितकुमार (चोरीचा मामला ) उत्कृष्ट अभिनेता:- राहुल देशपांडे ( मी वसंतराव ). उत्कृष्ट अभिनेत्री :- मृण्मयी गोडबोले ( गोदाकाठ ) उत्कृष्ट विनोदी अभिनेता :- जितेंद्र जोशी ( चोरीचा मामला ) सहाय्यक अभिनेता :- विठ्ठल काळे ( बापल्योक ), सहाय्यक अभिनेत्री:- प्रेमा साखरदांडे ( फनरल), प्रथम पदार्पण अभिनेता:- ऋतुराज वानखेडे ( जयंती), उत्कृष्ट प्रथम पदार्पण अभिनेत्री :- पल्लवी पालकर ( फास ) ५९ वे राज्य चित्रपट पुरस्कार खालीलप्रमाणे – सर्वोत्कृष्ट कथा :- मंगेश जोशी, अर्चना बोराडे ( कारखानिंसांची वारी), उत्कृष्ट पटकथा :- रसिका आगासे ( तिचं शहर होणं ), उत्कृष्ट संवाद :- नितीन...
The Dadasaheb Phalke Film Foundation Awards 2024 witnessed a grand and glittering celebration at Mumbai’s Mukesh Patel Auditorium. This prestigious event honored numerous Bollywood celebrities, making it a night to remember in the Indian film industry. Celebrities in Attendance: The event saw the presence of legendary actress Poonam Dhillon, Kamal Kumar Barjatya of Rajshri Production, producer-director Anil Sharma, Deepak Tijori, Rohit Roy, Gadar 2 star Manish Wadhwa, South Indian actress Priyamani, Darshan Kumar, Simrat Kaur, Bigg Boss fame Archana Gautam, TV actor Karan Mehra, MTV Splitsvilla winner Shrey Mittal, Rajpal Yadav, and many more who received the award. Ronnie Rodrigues of Cinebuster magazine came specially to present the award . Special Honors: Saira Banu was honored with the Lifetime Achievement Award. Despite her ill health preventing her attendance, the award will be personally delivered to her. This announcement added an emotional touch to the evening, highlighting the respect and admiration for her contributions to Indian cinema. Award Recipients Other notable recipients included international filmmaker Mukesh Modi, Paintal, Pitobash, Rushad Rana, Ravi Gossain, Brijendra Kala, producer Nitu Joshi, Jitendra Singh Sabu, TV actress Chahat Pandey, Vaishali Thakkar , Nepali Music director Shikhar Santosh, producer-director Sam Bhattacharjee, comedian VIP, lyricist A.M. Turaz, singer Shaurya Mehta, and Aman Trikha. dharmesh Pandit Singer Shahid Mallya’s graciously accepted the award on his behalf . Significance of the Awards: Darshan Kumar shared his feelings about the honor, stating that such awards instill a sense of pride and responsibility among artists. The Dadasaheb Phalke Film Foundation Awards are considered one of the most prestigious in Indian cinema, celebrating both on-screen talent and the unsung heroes behind the scenes. Foundation’s Mission: The Dadasaheb Phalke Film Foundation, led by President Ashfaque Khopekar, Senior Vice President Babubhai Thiba, and Vice President Ashok Shekhar, and team Vasudha Pandya,Aryaan sing, Ravi Gosain Kuwar Aziz Utsahi has been committed to honoring excellence in the film industry. Since 2015, under Ashfaque Khopekar’s leadership, the foundation has provided pensions and medical benefits to technicians and artists in need. This unique award recognizes not only the stars but also the hardworking technicians who contribute significantly to the industry. Conclusion: The Dadasaheb Phalke Film Foundation Awards 2024 was a night of glamour, recognition, and heartfelt moments. Celebrating the best of Indian cinema, this event continues to uphold the legacy of Dadasaheb Phalke, the father of Indian cinema, by honoring exceptional talent and contributions to the industry. By acknowledging both artists and technicians, the Dadasaheb Phalke Film...
प्रेस्टीजिअस दादासाहेब फाल्के फिल्म फाऊंडेशन अवार्डस २०२४ दादासाहेब फाल्के अवार्ड इस सरकारी पुरस्कार की अहमियत को समझकर फिल्म जगत के दिग्गजो ने टेक्निशियन की अहमियत को मध्य नज़र रखते हुए इस अवार्ड को डिजाइन कर के शुरुआत की है, इस अवार्ड को पाकर फ़िल्म जगत का टेक्निशियन खुद को धन्य समझता है। दादासाहेब फाल्के अकाडमी अवार्ड से दादासाहेब फाल्के फिल्म फाऊंडेशन अवार्ड तक का तीस सालो से ज्यादा के सफर में करीब तीन हजार से ज्यादा आर्टिस्ट और टेक्निशियन जीन में दिलीप कुमार, अमीतभ बच्चन, शाहरूख खान, टायगर श्रौफ तक की सारी पीढ़ी के आर्टिस्ट और टेक्निशियन को इस अवार्ड द्वारा सम्मानित किया गया है। इस अवार्ड समारोह में पुर्व राष्ट्रपति प्रतीभा ताईं और कई दिग्गज नेताओं और पायलेट बाबा और अन्य साधु संतों ने भी अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ा कर फिल्म जगत को सराहा और आशीर्वाद दिया है। इस कार्यक्रम की सुर्वात स्व.चंद्रशेखर जी, स्व.मदनजी जैन, श्रीमती नीना जलान, राम गोपाल गुप्ता तथा स्व.प्रभात पांडे जी ने की थी और अशोक शेखरजी तथा अन्य हस्तीयो ने इसे आगे बढ़ाकर अब इस प्रेस्टीजिअस अवार्ड शो की जिम्मेदारी आशफाक खोपेकर, बाबू भाई थीबा और उन की टीम ने दस सालों से संभाली है, अशोक शेखर जी के सहयोग से । हर अच्छे काम में तक्लीफ आती है वैसे ही इस कार्यक्रम की गरिमा को खराब करने की कोशिश कुछ फ़िल्म जगत के नाकाम ऊंचों पदों को हतया कर बैठे लोग कर रहे हैं। दादासाहेब फाल्के के नाम से गैर फि़ल्मी लोगों से अवार्ड करवा कर अपना मनसुभा पुरा करने की कोशिश में लगे हैं। फिल्म जगत के लाखों आर्टिस्ट, टेक्निशियंस और मजदूर जीस संन्मान की उम्मीद रखते हैं उस दादासाहेब फाल्के फिल्म फाऊंडेशन अवार्ड की गरिमा सदैव कायम रखने में आशफाक खोपेकर और बाबुभाई थीबा के साथ साथ फिल्म जगत की मशहूर हस्तियां मेहनत और ईमानदारी से काम कर रहे है। फिल्म उद्योग को बढ़ावा देने के योगदान को मध्येनजर रखते हुए, फील्म उद्योग के कामयाब हस्तियों की माताओं को सम्मानित करने हेतु माता सरस्वती बाई फाल्के अवार्ड की शुरुआत की है। इस साल फिल्म जगत को महान हस्ती (डायरेक्टर /राईटर/आर्टिस्ट / फिल्म मेकर या अन्य) देने वाली महान माता को माता सरस्वती बाई फाल्के अवार्ड देकर सम्मानित करने का निर्णय दादासाहेब फाल्के फिल्म फाऊंडेशन अवार्ड कमीटी ने लिया है। —-आशफाक खोपेकर प्रेस्टीजिअस दादासाहेब फाल्के फिल्म फाऊंडेशन अवार्डस...
दादा साहेब फाल्के चित्रनगरी (फिल्म सिटी) अवॉर्ड 2024 समारोह संपन्न ख़ुदी को कर बुलंद इतना कि हर तक़दीर से पहले, ख़ुदा बंदे से ख़ुद पूछे बता तेरी रज़ा क्या है। यहां दहशत, वहां वहशत, है छाया ताकत का गुरुर । फना होते तसव्वुर में, बड़ा बेमानी यह सुरूर, बसर यूं जिंदगी करने के, सिवाय और कज़ा क्या है।। उपरोक्त पंक्तियां बॉलीवुड के चर्चित अभिनेता, सिंगर और उद्घोषक राजू टांक के ऊपर सटीक बैठती है। दिनों पिछले दिनों राजू टाक द्वारा भारतीय सिनेमा के पितामह दादा साहेब फाल्के की स्मृति में बॉम्बे एंटरटेनमेंट के बैनर तले अंधेरी (वेस्ट), मुंबई स्थित वेदा कुनबा थिएटर (सिंटा टावर) में आयोजित दादा साहेब फाल्के चित्रनगरी (फिल्म सिटी) अवॉर्ड 2024 समारोह संपन्न हुआ। फिल्म विधा से जुड़े हर क्षेत्र में क्रियाशील प्रतिभाओं को प्रकाश में लाने और प्रोत्साहित करने की दिशा में राजू टांक के द्वारा सन् 1989 से संचालित बैनर बॉम्बे एंटरटेनमेंट अग्रसर है। दादा साहेब फाल्के चित्रनगरी (फिल्म सिटी) अवॉर्ड 2024 समारोह के आयोजन में बॉलीवुड के वरिष्ठ प्रचारक पुनीत खरे की अहम भूमिका रही। पुनीत खरे 80 के दशक से ही बतौर फिल्म प्रचारक (पीआरओ) एंटरटेनमेंट वर्ल्ड में अपनी विशिष्ट छवि कायम कर चुके हैं। फिलवक्त इवेंट मैनेजमेंट की दुनिया में काफी एक्टिव हैं। इस अवॉर्ड समारोह में दादा साहेब फाल्के के ग्रैंडसन चंद्रशेखर पुसालकर और उनकी दत्तक पुत्री नेहा बंदोपाध्याय को खास तौर पर सम्मानित किया गया। साथ साथ इस अवॉर्ड समारोह में फिल्म विधा से जुड़े अन्य प्रतिभाओं को भी अवॉर्ड दे कर सम्मानित किया गया। जिनमें रॉनी रोड्रिग्स (सिने बस्टर), डॉक्टर भारती लवेकर (वर्सोवा एम एल ए), भौमिक पटेल (सिंगर/प्रोड्यूसर), संग्राम शिर्के, बी एन तिवारी, टीना घई (एक्ट्रेस), अशोक शेखर(प्रोड्यूसर/डायरेक्टर), सदाशिव धोत्रे (यूनियन लीडर), पंकज भट्ट (म्यूजिक डायरेक्टर), ऐसीपी संजय पाटिल, विजयश्री चौधरी(कोरियोग्राफर), अली खान(एक्टर), भूपेश रसीन(एक्टर), नायरा बनर्जी (टीवी एक्टर), पीयू चौहान (इंडियन सकीरा), दिलीप सेन(म्यूजिक डायरेक्टर), रामा मेहरा(एक्टर), सहिला चड्डा(एक्ट्रेस), दिलीप दलवी, दीपक तिजोरी(एक्टर), सुनील पाल(कॉमेडियन), दीपक परासर (एक्टर), पारुल चावला(पी आर ओ), सुभाष कश्यप, महेंद्र शर्मा(सिंगर), संजय राज गौरीनंदन(म्यूजिक डायरेक्टर), निखिल कामथ (म्यूजिक डायरेक्टर), बिदिप्ता चक्रवर्ती (सिंगर), अंकिता नंदन(ऐंकर), गुरप्रीत कौर(ऐंकर), जयेश परमार(प्रोड्यूसर), जयेश पटेल(प्रोड्यूसर), राजेश श्रीवास्तव(फिल्म टुडे), माधुरी पाटिल(सोशल वर्कर/सिंगर), ममता श्रीवास्तव(सिंगर), दीपक पंडित राव(निर्देशक), मनीषा खरे(सोशल वर्कर), पुनीत खरे(पीआर ओ), सानिया वर्मा(एक्ट्रेस), हेलन फॉन्सेका (एक्स मेंबर एट बेंच ऑफ मजिस्ट्रेटेस सी डब्लू एस,मुंबई), श्रेया देशमुख(एक्ट्रेस), राजकुमार तिवारी(एडिटर मुंबई ग्लोबल), सबी बजराचार्य और सुप्रिया राजेंद्र(एक्ट्रेस) के नाम उल्लेखनीय हैं। इस मौके पर नेपाल की पृष्ठभूमि पर बनी फिल्म ‘विच्छेद’ को बेस्ट फीचर फिल्म अवॉर्ड दिया गया। प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय Dada Saheb...